

अखिल भारतीय पिछड़ा वर्ग संघ के जिला अध्यक्ष रत्नेश कुमार ने झारखंड सरकार के मुख्य सचिव को पत्र लिखकर सांसद ढुल्लू महतो से जुड़े कई गंभीर मामलों की उच्च स्तरीय जांच कराने की मांग की है। उन्होंने आरोप लगाया है कि सांसद ढुल्लू महतो पर गरीब एवं कमजोर वर्ग के लोगों के साथ अन्याय, जमीन कब्जाने तथा सांसद महोदय पद की आड़ में उन्होंने आय से अधिक संपत्ति अर्जित कर बैठें है , जिसकी निष्पक्ष जांच आवश्यक है । मैं आपसे इस पूरे मामले की सीबीआई अथवा किसी उच्च स्तरीय एजेंसी से जांच कराई जाने का निवेदन करता हूं, ताकि सच्चाई जनता के सामने आ सके। कुछ दिन पूर्व लोयाबाद के बांसजोड़ा क्षेत्र में गोलीकांड की घटना घटी थी, जिसमें समाजसेवी राम रहीम (राज कुमार महतो एवं असलम मंसूरी) का नाम बेवजह जोड़कर उनकी सामाजिक छवि को धूमिल करने का प्रयास किया जा रहा है। सांसद महोदय द्वारा सोशल मीडिया में दिया गया बयान अत्यंत अपमानजनक एवं अशोभनीय है। एक जनप्रतिनिधि होने के बावजूद इस प्रकार की भाषा का प्रयोग समाज के लिए गलत संदेश देता है।
राम रहीम के नाम से प्रसिद्ध उक्त समाजसेवी गरीबों के बीच सेवा कार्यों के लिए जाने जाते हैं तथा इस गोलीकांड से उनका दूर-दूर तक कोई संबंध नहीं है। आरोप है कि आजसू पार्टी के नेत्री रजनी रवानी द्वारा बांसजोड़ा क्षेत्र में वर्चस्व कायम करने के उद्देश्य से बाहरी लोगों को बुलाकर इस घटना को अंजाम दिया गया, जिसमें एक निर्दोष बुजुर्ग की जान चली गई। इस पूरे मामले की भी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
साथ ही सांसद महोदय के आवास के समीप चिटाही क्षेत्र में बड़े पैमाने पर अवैध कोयला कारोबार एवं अवैध भट्ठों के संचालन की चर्चाएं लगातार सामने आ रही हैं। यदि ऐसा है तो उस पर कार्रवाई क्यों नहीं की जा रही है, इसकी भी जांच आवश्यक है आखिर सांसद महोदय के घर के पास ही अवैध कोयला कारोबार चल रहा है लेकिन उसपर सांसद महोदय क्यों नहीं कुछ बोल रहे है और यह भी सार्वजनिक किया जाए कि उक्त अवैध कारोबार किन लोगों के संरक्षण में चल रहा है।
अंत में रत्नेश कुमार ने झारखंड सरकार से अनुरोध करते हुए कहा है कि सांसद ढुल्लू महतो से जुड़े आय से अधिक संपत्ति, लंबित मामलों, अवैध कोयला कारोबार एवं बांसजोड़ा गोलीकांड सहित सभी गंभीर आरोपों की निष्पक्ष एवं उच्च स्तरीय जांच कराने की कृपा करें, ताकि आम जनता का कानून एवं प्रशासन पर विश्वास बना रहे।





